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जालंधर में श्रद्धांजलि पर सियासत : सीढ़ी चोरी होने का दावा, EX MLA ने निगम को घेरा

जालंधर, 31 अगस्त (कबीर सौंधी) : जालंधर में सोमवार को सरदार बेअंत सिंह के शहीदी दिवस पर संविधान चौक में श्रद्धांजलि दी गई। कार्यक्रम में पहुंचे जालंधर सेंट्रल से कांग्रेस के पूर्व विधायक राजिंदर बेरी ने कहा कि उन्हें नगर निगम की ओर से फूल मालाएं चढ़ाने के लिए सीढ़ी नहीं दी गई। इस संबंध में जब निगम दफ्तर से संपर्क किया गया तो जवाब मिला कि हमारी सीढ़ी चोरी हो गई है।

इसके बाद बुत तक न पहुंच पाने के कारण कांग्रेस कार्यकर्ताओं को पैरों में ही फूल मालाएं रखकर श्रद्धांजलि देनी पड़ी। इसे लेकर कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने रोष जताया। बेरी ने कहा कि पंजाब में आतंकवाद के दौर में शांति स्थापित करने और सूबे को फिरकू आग से बचाने के लिए तत्कालीन मुख्यमंत्री बेअंत सिंह ने अपने प्राणों की आहुति दी थी।

आज बड़े अफसोस के साथ कहना पड़ रहा है कि ऐसे महान शहीदों और देश की आजादी के नायकों के जन्मदिवस या शहीदी दिवस पर भी नगर निगम बुनियादी व्यवस्था करने में पूरी तरह नाकाम साबित हो रहा है। पूर्व विधायक बेरी ने निगम प्रशासन की लापरवाही उजागर करते हुए बताया कि कार्यक्रम से एक दिन पहले जब प्रतिमा स्थल का मुआयना किया गया तो वहां गंदगी का अंबार लगा था। इस वजह से कांग्रेस कार्यकर्ताओं को खुद मौके पर पहुंचकर शहीद बेअंत सिंह के बुत की साफ-सफाई करनी पड़ी।

हर बार सीढ़ी देते थे, इस बार बहाना बना दिया

पूर्व विधायक बेरी ने यह भी आरोप लगाया कि हर बार शहीदों की प्रतिमा पर पुष्पांजलि अर्पित करने के लिए निगम की ओर से सीढ़ी (पौड़ी) उपलब्ध कराई जाती थी, लेकिन इस बार जब निगम कार्यालय से संपर्क किया गया तो अधिकारियों ने सीढ़ी चोरी हो जाने का अजीबोगरीब बहाना बना दिया।

निगम की कार्यप्रणाली पर ही प्रश्नचिह्न

बेरी ने कहा कि ऐसा निराशाजनक रवैया उन्होंने किसी भी सरकार के कार्यकाल के दौरान नहीं देखा। शहादत देने वाले महापुरुषों के सम्मान में सफाई और इंतजाम न हो सकें, यह तो निगम की कार्यप्रणाली पर ही प्रश्नचिह्न है।

सफाई और सभी जरूरी प्रबंध पुख्ता किए जाएं

उन्होंने नगर निगम कमिश्नर से मांग की कि चाहे शहीद-ए-आजम सरदार भगत सिंह हों या सरदार बेअंत सिंह, देश के किसी भी महान नायक के जन्मदिवस या शहीदी दिवस से कम से कम एक दिन पहले प्रतिमा स्थलों पर सफाई और सभी जरूरी प्रबंध पुख्ता किए जाएं।

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